Q1. अम्ल वर्षा का मुख्य कारण क्या है?
- (a) कार्बन मोनोऑक्साइड और मीथेन
- (b) सल्फर डाइऑक्साइड और नाइट्रोजन ऑक्साइड
- (c) क्लोरोफ्लोरोकार्बन (CFCs)
- (d) सीसा और पारा यौगिक
उत्तर और व्याख्या
उत्तर: (b) सल्फर डाइऑक्साइड और नाइट्रोजन ऑक्साइड
अम्ल वर्षा मुख्य रूप से सल्फर डाइऑक्साइड (SO₂) और नाइट्रोजन ऑक्साइड (NOx) उत्सर्जन के कारण होती है। जब SO₂ और NOx वातावरण में छोड़े जाते हैं (बिजली संयंत्रों, वाहनों और उद्योगों में जीवाश्म ईंधन जलाने से), तो वे जल वाष्प, ऑक्सीजन और अन्य रसायनों के साथ प्रतिक्रिया करके सल्फ्यूरिक एसिड (H₂SO₄) और नाइट्रिक एसिड (HNO₃) बनाते हैं। ये अम्ल अम्ल वर्षा (pH < 5.6), अम्लीय बर्फ या शुष्क अम्लीय निक्षेपण के रूप में गिरते हैं। SO₂ + H₂O → H₂SO₃; 2SO₂ + O₂ + 2H₂O → 2H₂SO₄।
विकल्प 1 (CO और मीथेन): कार्बन मोनोऑक्साइड फोटोकैमिकल स्मॉग में योगदान देता है; मीथेन एक ग्रीनहाउस गैस है — इनमें से कोई भी सीधे तौर पर अम्ल वर्षा का कारण नहीं बनता है।
विकल्प 3 (CFCs): क्लोरोफ्लोरोकार्बन समतापमंडलीय ओजोन क्षरण का कारण बनते हैं — अम्ल वर्षा का नहीं। विकल्प 4 (सीसा और पारा): ये भारी धातु प्रदूषक हैं जो जल/मृदा संदूषण का कारण बनते हैं; अम्ल वर्षा के प्राथमिक कारण नहीं हैं।